अभिनव निघंटु अर्थात आयुर्वेदनिघंटु दत्तराम चौबे द्वारा रचित एक महत्वपूर्ण आयुर्वेदिक ग्रंथ है, जो औषधीय वनस्पतियों, खनिजों, और अन्य प्राकृतिक पदार्थों के गुणधर्म, उपयोग और उनके चिकित्सीय प्रभावों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत करता है। यह ग्रंथ आयुर्वेद के पारंपरिक निघंटु साहित्य का एक उन्नत और परिष्कृत रूप है, जो आयुर्वेद के छात्र, चिकित्सक और शोधकर्ता के लिए अत्यंत उपयोगी है।
इस पुस्तक में विभिन्न वनस्पतियों और औषधीय द्रव्यों के गुण, रस, वीर्य, विपाक, और उनके रोग निवारण के गुणों का विस्तार से वर्णन किया गया है। साथ ही, इन द्रव्यों के प्रयोग के विधि, मात्रा और विशेष उपयोगों का विवरण भी दिया गया है। दत्तराम चौबे ने इस ग्रंथ में प्राचीन आयुर्वेदिक ग्रंथों का संदर्भ लेकर औषधियों के आधुनिक संदर्भ में भी उनके महत्व को स्पष्ट किया है।







